भारत ने चीन में अपना दूसरा आईटी कॉरिडोर आरंभ किया

0
16

भारत ने देश की बढ़ती सॉफ्टवेयर मार्केट का लाभ लेने हेतु 27 मई 2018 को चीन में दूसरा आईटी कॉरिडोर आरंभ किया। इस आईटी कॉरिडोर का नाम, डिजिटल संयुक्त अवसर प्लाज़ा प्लेटफार्म (SIDCOP) है। इसकी स्थापना चीन के गुइयांग शहर में नेशनल एसोसिएशन ऑफ़ सॉफ्टवेयर एंड सर्विसेज कम्पनीज़ (NASSCOM) द्वारा की गई है। इसका मुख्य उद्देश्य भारतीय आईटी कम्पनियों को वृहद चीनी बाज़ार में सहज पहुंच दिलवाना है।

भारतीय सेवा प्रदाताओं और चीनी उपभोक्ताओं की तरफ से चीन के गुइयांग के नगर निगम द्वारा इस कॉरिडोर के उद्घाटन समारोह के दौरान 6 मिलियन अमेरिकी डॉलर के सहमति पत्रों पर भी हस्ताक्षर किये गये हैं। डिजिटल संयुक्त अवसर प्लाजा प्लेटफार्म का जुलाई 2019 में उद्घाटन किया जायेगा। अभी इसे बतौर पायलट प्रोजेक्ट किया गया है।  ध्यान देने योग्य है कि नैसकॉम ने पहला डिजिटल संयुक्त अवसर प्लाजा प्लेटफार्म चीन के बंदरगाह शहर डालिआन में दिसंबर 2017 में आरंभ किया था। यह चीन में भारत का पहला आईटी हब है।

भारत द्वारा दूसरे आईटी कॉरिडोर लांच कार्यक्रम में भारत और चीन की तरफ से 350 से अधिक भागीदारों ने भाग लिया। इस पहल को चीन के कई अन्य शहरों में भी विकसित किया जायेगा।

इस पहल से भारतीय सॉफ्टवेयर कम्पनियां तथा चीनी हार्डवेयर कम्पनियां साथ मिलकर काम कर सकेंगी। इसके अलावा दोनों देशों में ऑटोमेशन, आर्टिफीशियल इंटेलिजेंस (एआई) एवं अन्य उभरते आईटी क्षेत्रों को बढ़ावा मिल सकेगा। इससे चीनी कम्पनियों की आवश्यकताओं की भारतीय आईटी सर्विस प्रदाताओं द्वारा पूर्ति हो सकेगी।